यूके की मशीन गेमिंग ड्यूटी वृद्धि से गेमिंग उद्योग पर गंभीर प्रभाव, रैंक ग्रुप सबसे अधिक प्रभावित
डॉयचे बैंक के विश्लेषण के अनुसार यूके सरकार की प्रस्तावित मशीन गेमिंग ड्यूटी वृद्धि से गेमिंग ऑपरेटरों पर व्यापक प्रभाव पड़ेगा।

ब्रिटेन सरकार द्वारा प्रस्तावित मशीन गेमिंग ड्यूटी (MGD) में संभावित वृद्धि से गेमिंग मशीनों के ऑपरेटरों पर गंभीर आर्थिक दबाव पड़ सकता है। डॉयचे बैंक के एक नए विश्लेषण के अनुसार, इस कर वृद्धि का प्रभाव विभिन्न ऑपरेटरों पर असमान रूप से पड़ेगा। वित्त मंत्री जॉन हीली द्वारा सोशल मार्केट फाउंडेशन की सिफारिश पर इस कर को बढ़ाने की योजना बनाई जा रही है।
उद्योग का आकार और प्रभाव
गेमिंग कमीशन के आंकड़ों के अनुसार, यूके में गेमिंग मशीनों से होने वाली सकल गेमिंग यील्ड (GGY) लगभग 2.7 बिलियन पाउंड है, जिसमें से अधिकांश कैटेगरी बी मशीनों से आती है। डॉयचे बैंक ने तीन प्रमुख सार्वजनिक रूप से कारोबार करने वाले ऑपरेटरों पर इसके प्रभाव का विश्लेषण किया है।
रैंक ग्रुप पर सबसे अधिक प्रभाव
डॉयचे बैंक के विश्लेषण में रैंक ग्रुप को सबसे अधिक प्रभावित होने वाला ऑपरेटर बताया गया है, क्योंकि इसकी खुदरा उपस्थिति सबसे व्यापक है। बैंक के अनुसार, MGD में वृद्धि से रैंक ग्रुप पर प्रति वर्ष लगभग 35 मिलियन पाउंड का अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ सकता है। यह राशि कंपनी के 2028 के अनुमानित EBIT का लगभग 44% और निकट भविष्य में EBITDA का लगभग 17% होगी।
रैंक ग्रुप ने पहले ही चेतावनी दी है कि कर वृद्धि से उसके कई स्थान 'अव्यवहार्य' हो सकते हैं, जिससे बड़े पैमाने पर नौकरियों के जाने का खतरा है। कंपनी के प्रवक्ता ने कहा, "हम ट्रेजरी और अन्य सरकारी विभागों के साथ सीधे संवाद जारी रख रहे हैं ताकि कर वृद्धि के उद्योग और हमारे व्यवसाय पर पड़ने वाले प्रभावों को स्पष्ट किया जा सके।" डॉयचे बैंक ने इन परिस्थितियों को देखते हुए रैंक के लिए अपनी 'होल्ड' रेटिंग बनाए रखी है।
एंटेन पर व्यापक प्रभाव
एंटेन पर इस कर वृद्धि का प्रभाव लगभग 100 मिलियन पाउंड प्रति वर्ष आंका गया है। कंपनी ने प्रधानमंत्री एंडी बर्नहैम को भेजे पत्र में चेतावनी दी है कि MGD में तेज वृद्धि से ग्राहक विनियमित बाजार से बाहर जा सकते हैं, जिससे लगभग 1 बिलियन पाउंड का जुआ अवैध बाजार में स्थानांतरित हो सकता है।
एंटेन ने यूके ऑपरेशन्स में कर्मचारियों की संख्या कम करने की भी बात कही है। कंपनी ने पहले ही अपनी 2,000 की यूके टीम में से लगभग 400 ग्राहक देखभाल भूमिकाओं को समाप्त करने की पुष्टि की है। हालांकि डॉयचे बैंक ने एंटेन के शेयरों के लिए 'बाय' रेटिंग जारी रखी है, क्योंकि यह कंपनी के यूके ऑनलाइन विकास, अमेरिकी iGaming बाजार में उपस्थिति और 2028 तक नकदी प्रवाह में सुधार की संभावना को देखते हुए है।
फ्लटर पर न्यूनतम प्रभाव
फ्लटर पर इस कर वृद्धि का प्रभाव न्यूनतम होने की उम्मीद है, क्योंकि इसका अधिकांश बाजार मूल्य अमेरिकी व्यवसाय फैनड्यूल से जुड़ा है। डॉयचे बैंक के अनुसार, फ्लटर की अतिरिक्त लागत 20 मिलियन डॉलर से कम होगी, जो समूह EBITDA का 1% से भी कम है। यह कंपनी के व्यापक कमाई प्रोफाइल पर नगण्य प्रभाव डालेगा।
खुदरा दुकानों के लिए बड़ी चुनौती
विश्लेषण के अनुसार, ऑनलाइन ऑपरेटर हाल के कर वृद्धि के लगभग आधे हिस्से को मुफ्त दांव कम करने, विपणन व्यय घटाने, कर्मचारियों की संख्या कम करने और आपूर्तिकर्ता दक्षता बढ़ाने जैसी रणनीतियों के माध्यम से कम करने में सफल रहे हैं। लेकिन खुदरा दुकानों के लिए यह चुनौती अधिक कठिन है क्योंकि उनकी किराए, कर्मचारियों और ओवरहेड्स जैसी निश्चित लागतें अधिक होती हैं।
डॉयचे बैंक ने अनुमान लगाया है कि खुदरा दुकानें सकल लागत वृद्धि का लगभग 30% ही कम कर पाएंगी, मुख्य रूप से घाटे वाली या मामूली लाभदायक दुकानों को बंद करके। हालांकि बंद होने के बाद भी बड़े खुदरा मशीन एस्टेट वालों के लिए शुद्ध लाभ प्रभाव महत्वपूर्ण बना रहेगा।
उद्योग में पहले से चल रहे बदलाव
पिछले कुछ महीनों में कई ऑपरेटर यूके के खुदरा परिदृश्य से दूर हो चुके हैं। बेटफ्रेड ने इस वर्ष 132 आउटलेट बंद किए हैं, जबकि एवोक ने अप्रैल में विलियम हिल की 200 दुकानें बंद की थीं। बेटफ्रेड के CEO फ्रेड डोन ने चेतावनी दी है कि अतिरिक्त कर वृद्धि से व्यापक बेटिंग शॉप बंद हो सकते हैं और हॉर्स रेसिंग जैसे संबंधित क्षेत्रों को नुकसान पहुंच सकता है, साथ ही हाई स्ट्रीट के पतन को गति मिल सकती है।
भविष्य की चुनौतियाँ
यह विश्लेषण उद्योग के सामने आने वाली जटिल चुनौतियों को उजागर करता है। जहाँ एक ओर सरकार राजस्व बढ़ाने का प्रयास कर रही है, वहीं दूसरी ओर इससे उद्योग के खुदरा क्षेत्र के अस्तित्व पर सवाल खड़े हो रहे हैं। ऑपरेटरों को न केवल कर बोझ का सामना करना पड़ रहा है, बल्कि उन्हें अवैध बाजार की बढ़ती प्रतिस्पर्धा और उपभोक्ताओं के व्यवहार में परिवर्तन से भी निपटना होगा।


